ढांड, 31 अक्तूबर । गांव पबनावा से योग साधना एवं वैदिक शिक्षाओं से जुड़े शिक्षार्थियों का एक जत्था स्वामी संपूर्णानंद महाराज से प्रेरित होकर आज अंर्तराष्ट्रीय आर्य समाज महासम्मेलन 2025 में भाग लेने के लिए दिल्ली के रोहिणी स्थित आयोजन स्थल के लिए रवाना हुआ। जत्थे में गुरुकुल ऑफ एक्सीलेंस के अध्यक्ष बलिंदर आर्य, बलवान सरदार, रघुवीर
सिंह, प्रधान कृष्ण माडिया, राजेश्वर मुनि कौल, दलबीर सिंह, संजीव कुमार, धर्मवीर सिंह सहित अनेक आर्य समाज से जुड़े कार्यकर्ता और योग शिक्षार्थी शामिल थे। रवाना होने से पूर्व गांव के आर्य समाज मंदिर में यज्ञ का आयोजन किया गया, जिसमें पूरे जत्थे ने देश, धर्म और समाज की उन्नति की कामना की। गुरुकुल अध्यक्ष बलिंदर आर्य ने बातचीत में बताया
कि यह महासम्मेलन विश्वभर के आर्य समाज के विद्वानों, वेदाचार्यों और साधू, संतों का संगम है। इस अवसर पर वैदिक संस्कृति के प्रसार, वेदों के अध्ययन तथा समाज सुधार के विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। ऐसे आयोजन भारतीय संस्कृति के पुनर्जागरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। महासम्मेलन में योग एवं वैदिक संस्कृति से जुड़े विषयों पर विशेष
सत्र भी आयोजित होंगे, जिनमें आर्य समाज के संत-महात्मा और वेद विशेषज्ञ अपने विचार साझा करेंगे। बलिंदर आर्य ने बताया कि इस सम्मेलन से युवाओं में वैदिक जीवनशैली अपनाने की प्रेरणा मिलेगी। उन्होंने कहा कि गांव पबनावा से रवाना हुआ यह जत्था न केवल आर्य समाज की गौरवशाली परंपरा का प्रतीक है बल्कि समाज सुधार और योग जागरण की
दिशा में एक नई प्रेरणा भी लेकर जा रहा है। गुरुकुल ऑफ एक्सीलेंस निरंतर युवा पीढ़ी को संस्कारयुक्त शिक्षा और योग प्रशिक्षण देने के लिए प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि 4 नवंबर से 12 नवंबर तक गांव कौल में होने वाले योग शिविर के लिए भी कई योगाचार्य को विशेष रूप से आमंत्रित करने का निमंत्रण दिया गया।

